गुजरात केंद्रीय विश्वविद्यालय : ओबीसी को नहीं मिल रहा 27 प्रतिशत आरक्षण

गुजरात केंद्रीय विश्वविद्यालय ने एक विज्ञापन जारी कर प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर और असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों के लिए सभी वर्गोंं के अभ्यर्थियों से 72 रिक्तियों पर आवेदन मांगे हैं। इन पदों पर अभ्यर्थी 8 अगस्त तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं

गुजरात केंद्रीय विश्वविद्यालय द्वारा प्रोफेसर, एसोसिएट और असिस्टेंट प्रोफेसर के 72 पदों पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन जारी कर दिए गए हैं। विज्ञापित 72 पदों में 32 पद दलित-बहुजनों के लिए आरक्षित हैं। इनमें अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए 16, अनुसूचित जाति (एससी) के लिए 11 और अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए 5 पद शामिल हैं। साथ ही इस बार आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए भी 5 पद आरक्षित किए गए हैं। आरक्षित पदों में ओबीसी की हिस्सेदारी को देखें तो तमाम सरकारी दावों के बावजूद ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण नहीं मिल पा रहा है।

गुजरात केंद्रीय विश्वविद्यालय द्वारा जारी विज्ञापन में भी ओबीसी को 22.2 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है, जबकि ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण देने का संवैधानिक प्रावधान है। इस हिसाब से देखें तो ओबीसी के लिए कम से कम 19 सीटें आरक्षित होनी चाहिए थीं। यानी ओबीसी कोटे की तीन पदों की कटौती की गयी है।

पदओबीसीहिस्सेदारी (% में)एससीहिस्सेदारी (% में)एसटीहिस्सेदारी (% में)कुल पदों की संख्या
प्रोफेसर422.231615.518
एसोसिएट प्रोफेसर620.6517.2 310.329
असिस्टेंट प्रोफेसर6243121425

विज्ञापन के अनुसार योग्य अभ्यर्थी 8 अगस्त, 2019 की शाम 5:30 बजे तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। साथ ही 23 अगस्त, 2019 संलग्न दस्तावेजों की हार्ड कॉपी भेजे जाने की अंतिम तिथि निर्धारित है। आवेदन करने हेतु विस्तृत जानकारी के लिए विश्वविद्यालय द्वारा जारी मूल विज्ञापन को देखने के लिए यहां क्लिक करें।

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(फारवर्ड प्रेस उच्च शिक्षा जगत से संबंधित खबरें प्रकाशित करता रहा है। हाल के दिनों में कई विश्वविद्यालयों द्वारा नियुक्तियों हेतु विज्ञापन निकाले गए हैं। इन विज्ञापनों में आरक्षण और रोस्टर से जुड़े सवालों को भी हम  उठाते रहे हैं; ताकि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में दलित-बहुजनों समुचित हिस्सेदारी हो सके। आप भी हमारी इस मुहिम का हिस्सा बन सकते हैं। नियोजन संबंधी सूचनाओं, खामियों के संबंध में हमें editor@forwardmagazine.in पर ईमेल करें। आप हमें 7004975366 पर फोन करके भी सूचना दे सकते हैं)

(कॉपी संपादन : नवल/सुशील)


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