h n

गुरुग्राम और मेवात का फर्क

नीति आयोग की रेटिंग के अनुसार, हरियाणा में मेवात (गुरुग्राम से सटा जिला) भारत का सबसे पिछड़ा जिला है, जहां पसमांदा मुसलमानों की आबादी अधिक है। हरियाणा के शिक्षा महकमे की रपट के अनुसार भी हरियाणा के सभी जिलों में मेवात का प्रदर्शन सबसे खराब था। बता रहे हैं सुमित चहल

गत 6 अप्रैल, 2022 को सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षा के अधिकार कानून को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी की। न्यायमूर्ति यू.यू. ललित, न्यायमूर्ति एस. रविंद्र भट्ट और न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा की खंडपीठ ने कहा कि सरकार को किसी भी योजना को आगे बढ़ाने से पहले वित्तीय प्रभाव को हमेशा ध्यान में रखना चाहिए। खंडपीठ ने शिक्षा का अधिकार कानून का हवाला देते हुए कहा कि यह एक उत्कृष्ट उदाहरण है। एक अधिकार कानून बना दिया गया लेकिन पर्याप्त स्कूल नहीं हैं।

पूरा आर्टिकल यहां पढें : गुरुग्राम और मेवात का फर्क

लेखक के बारे में

सुमित चहल

लेखक सामाजिक-आर्थिक विषयों पर लिखनेवाले स्वतंत्र पत्रकार हैं

संबंधित आलेख

पीली रोशनी में ओबीसी एकता की चमक और मजबूत इरादे पर जोर
दिल्ली के कंस्टीट्यूशन क्लब सभागार में आयोजित ओबीसी महासभा की बैठक में अधिकांश हिंदी-भाषी प्रदेशों से विभिन्न जातियों और पसमांदा के प्रतिनिधियों के अलावा...
एससी-एसटी अत्याचार अधिनियम के तीन दशक बाद कितने बदले हालात
यह कानून लागू होने के बाद जब गिरफ्तारियां होने लगीं तब तथाकथित उच्च जातियों, पिछड़े वर्ग की जातियों को इस कानून की ताकत का...
करम परब : जंगल, खेत और रिश्तों को जोड़ने वाला आदिवासी उत्सव
करम परब को केवल करम वृक्ष की पूजा या एक रात के नाच-गाने तक सीमित करके नहीं समझा जा सकता है। यह उस समाज...
‘अप्पन समाचार’ की ग्रामीण महिला पत्रकारों के प्रयासों को मिली सराहना
संगोष्ठी में मुख्य वक्ता अनिल चमड़िया ने कहा कि हिंदी मीडिया को मुख्यधारा की मीडिया कहना कहीं से भी संगत नहीं है। इसे मीडिया...
हैदराबाद विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव : आदिवासी उम्मीदवार को दी जा रही है धमकी
विश्वविद्यालय किसी छात्र के लिए सिर्फ डिग्री लेने की जगह नहीं होते। खासकर उन छात्रों के लिए जो हाशिए के समाज से आते हैं।...