h n

गली क्रिकेट लीग, वंचित बच्चों की आंखों में तैरते सपने को सच करने की मुहिम

“मैं क्रिकेट खिलाड़ी बनने के अपने सपने को पूरा करने के लिए कड़ी से कड़ी मेहनत करने को तैयार हूं।” यह कहना है प्रहलाद का। रोज़ कमाने-खाने वाले उसके पिता बड़ी मुश्किल से पांच सदस्यों के अपने परिवार का पेट पाल पाते हैं। लेकिन आर्थिक तंगी के बावजूद प्रहलाद अपने लक्ष्य को पाने के लिए दृढप्रतिज्ञ है। बता रहे हैं मनीष राज

पूरे देश में इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) की धूम के बीच एक और क्रिकेट लीग की शुरुआत हुई है। भले ही इस लीग के बारे में कम ही लोग जानते हैं, परन्तु यह दिल्ली की स्लम बस्तियों में रहने वाले दर्जनों बच्चों के सपनों में रंग भर रही है। यह है गली क्रिकेट लीग (जीसीएल)। यह भविष्य के क्रिकेट खिलाड़ियों को प्रशिक्षण दे रही है ताकि उनकी ज़िन्दगी का संघर्ष और वंचना उनके सपनों को पूरा करने की राह में बाधक न आ सके।

पूरा आर्टिकल यहां पढें : गली क्रिकेट लीग, वंचित बच्चों की आंखों में तैरते सपने को सच करने की मुहिम

लेखक के बारे में

मनीष राज

मनीष राज स्वतंत्र पत्रकार व वरिष्ठ जनसंपर्क विशेषज्ञ हैं

संबंधित आलेख

‘जय भीम’ की राजनीतिक दिशा क्या होगी?
जंतर-मंतर पर जब शुरुआती दौर में नारे लगे तो केवल दो नारे थे– ‘जय भीम’ और ‘इंकलाब जिंदाबाद’ के नारे। बाकी सभी तरह के...
आखिर भारत के राजनीतिक दलों ने आरएसएस को इतनी छूट क्यों दी?
आरएसएस का गठन हुए 100 साल से ज्यादा बीत चुके हैं। लेकिन क्या कारण हैं कि न तो केंद्र और न ही किसी भी...
राम मंदिर में चंदा चोरी से जुड़े सवालों पर रोक के मायने
राम मंदिर में चोरी का चेहरा सांप्रदायिक राजनीति में छिपा है। यह बात दर्ज की जानी चाहिए कि अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण...
दलित-बहुजनों की नजर में राम मंदिर चढ़ावा चोरी
राम मंदिर के लिए लोगों से चंदा वसूलने वाले घनश्याम ठठेरी कहते हैं कि अब चंदाचोरी, ज़मीन की ख़रीद में गड़बड़ी आदि सुनकर लग...
मुसलमानों में जाति को नकारना हिंदुत्व को मदद करना है
मुस्लिम धर्मगुरुओं, जिनमें ज़्यादातर अशराफ (सवर्ण) जातियों से हैं, में इस प्रवृत्ति की एक बड़ी वजह उनके द्वारा हिंदुत्व को हिंदू धर्म का पर्याय...