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सम-सामयिकी

लोकसभा चुनाव : आरएसएस की संविधान बदलने की नीयत के कारण बदल रहा नॅरेटिव
क्या यह चेतना अचानक दलित-बहुजनों के मन में घर कर गई? ऐसा कतई नहीं है। पिछले 5 साल से लगातार सामाजिक जागरूकता कार्यक्रमों और गोष्ठियों में इसकी चर्चा होती रही है कि भाजपा और आरएसएस...
जातिगत जनगणना का विरोध एक ओबीसी प्रधानमंत्री कैसे कर सकता है?
पिछले दस वर्षों में ओबीसी प्रधानमंत्री के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने ओबीसी वर्ग के आमजनों के लिए कुछ नहीं किया। जबकि ओबीसी वर्ग के लोग मुख्य तौर पर कृषक हैं। शिक्षा और रोज़गार के...
मोदी फिर अलापने लगे मुस्लिम विरोधी राग
नरेंद्र मोदी की हताशा का आलम यह है कि वे अब पाकिस्तान का नाम भी अपने भाषणों में लेने लगे हैं। गत 3 मई को गुजरात के आनंद में उन्होंने मुसलमानों के खिलाफ बोलते हुए...
‘इंडिया’ गठबंधन को अब खुद भाजपाई मान रहे गंभीर चुनौती
दक्षिण भारत में तो फिर भी लोगों को यक़ीन था कि विपक्षी दल, ख़ासकर कांग्रेस अच्छा प्रदर्शन करेगी। लेकिन उत्तर, पूर्व, मध्य और पश्चिम में भाजपा की हार की दूर-दूर तक कोई बात नहीं कर...
परिणाम बदल सकता है गोरखपुर लोकसभा क्षेत्र में पिछड़ा बनाम अगड़ा का नॅरेटिव
गोरखपुर में पिछड़े और दलित मतदाताओं की संख्या सबसे ज़्यादा है। एक अनुमान के मुताबिक़ यहां पर क़रीब...
राजस्थान : लोकसभा चुनाव में जाति महत्वपूर्ण, मुद्दे गौण
यहां चुनाव, लोकतंत्र का उत्सव नहीं, बल्कि जातीय-संघर्ष का अखाड़ा बन गया था। एक तरफ विभिन्न जातियों ने...
‘अबकी बार चार सौ पार’ का नारा और डॉ. आंबेडकर की चेतावनी
डॉ. आंबेडकर लोकतांत्रिक व्यवस्था में राजनीतिक दलों को लेकर भी सचेत थे। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, “यदि...
आकाश आनंद को भाजपा के खिलाफ बोलने की सजा मिली या मायावती की ‘सरप्राइज सियासत’?
गत 28 अप्रैल को सीतापुर की एक चुनावी सभा में उन्होंने भाजपा पर ज़रा टेढ़ी-सी टिप्पणी कर दी।...
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