पटना के एनआईटी में बढ़ी फीस

एनआईटी पटना में शिक्षा महंगी हो गई है। सेंट्रल सीट एलोकेशन बोर्ड की ओर से एनआईटी, ट्रिपलआईटी व जीएफटीआई में नामांकन के लिए स्पेशल राउंड का आयोजन किया गया है

एससी, एसटी, दिव्यांग को ट्यूशन फी में छूट बरकरार

पटना : पटना के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एनआईटी) में इस साल यानी नए सत्र 2018-2019 से फीस बढ़ा दी गई है। यहां स्पष्ट कर दें कि यह फीस ट्यूशन फीस के अलावा बढ़ाई गई है। ट्यूशन फीस देश के सभी एनआईटी में एक समान ही है। हालांकि, एससी, एसटी, दिव्यांग और एक लाख से कम आय वाले परिवारों से आने वाले छात्रों को ट्यूशन फीस पहले की तरह नहीं देनी होगी। जबकि, एक से पांच लाख के बीच की आय वाले परिवारों को ट्यूशन फीस में दो तिहाई की छूट है। रजिस्ट्रेशन, एग्जामिनेशन फीस के साथ-साथ कई मदों में भी फीस दोगुनी कर दी गई है, जबकि कुछ मदों में फीस बढ़ाई गई है। संस्थान की ओर से बढ़ी हुई फीस की अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। सूचना के अनुसार, बीटेक, इंटीग्रेटेड एमएससी प्रोग्राम, बी. आर्किटेक्ट कोर्सों में फीस बढ़ाई गई है।

इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एनआईटी),पटना

बता दें कि एससी, एसटी, दिव्यांग को छोड़कर कम आय वाले परिवारों के छात्रों को ट्यूशन फीस में छूट लेने के लिए आय प्रमाण-पत्र जमा कराना होगा। फीस के नए नियम के अनुसार, एससी, एसटी, दिव्यांग को प्रवेश के लिए नामांकन के लिए 21,200 रुपए, एक लाख से कम वार्षिक आय वाले परिवारों के छात्रों को 1200 रुपए तथा एक से पांच लाख के बीच वार्षिक आय वाले छात्रों को 22,033 रुपए भरने होंगे। अन्य सभी छात्रों को 63700 रुपए जमा कराने होंगे।
एनआईटी पटना के डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रो. प्रकाश चंद्रा ने कहा कि इन मदों में फीस की बढ़ोतरी पिछले करीब 10 वर्षों से नहीं हुई थी। संस्थान की जरूरतों के अनुसार फीस को रिवाइज किया गया है। विदित हो कि एनआईटी में सत्र 2016-17 में अंडरग्रेजुएट कोर्स के छात्रों के लिए ट्यूशन फीस बढ़ाई गई थी। एनआईटी परिषद के प्रस्ताव पर एमएचआरडी ने सालाना फीस 70 हजार रुपए से बढ़ाकर 1.25 लाख करने को स्वीकृति दी थी। सेंट्रल सीट एलोकेशन बोर्ड की ओर से एनआईटी, ट्रिपलआईटी व जीएफटीआई में नामांकन के लिए स्पेशल राउंड का आयोजन किया गया है। इसमें भाग ले रहे छात्र सीसैब की वेबसाइट पर जाकर रिजल्ट देख सकते हैं। जल्द ही दूसरी लिस्ट भी जारी होगी।
(कॉपी संपादन : अर्चना)

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